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वीडियो गेम जो कर रहे हैं लोगो का गेम ओवर

पबजी खेलना मतलब ज़िन्दगी बर्बाद करना 

क्या आपने अपने आस पास ऐसे लोगो को देखा है जो लोग पबजी जैसे गेम्स खेलते हैं? पबजी एक ऐसा खतरनाक और जानलेवा गेम है जिससे आपको सतर्क रहना चाहिए। 

क्योंकि ये न सिर्फ आपके लिए बल्कि आपके आसपास रहने वालों के लिए भी खतरनाक है। शराब, ड्रग्स या सिगरेट से भी कही ज़्यादा घातक है इस खेल का नशा।

ये गेम आपके अंदर ऐसा बदलाव लाता है जो आपको हिंसक, आक्रामक और गंभीर रूप से बीमार कर देता है। आपका अपने ऊपर कोई नियंत्रण नहीं रहता। आप एक ऐसे दलदल में समाते हैं जहाँ से निकलना लगभग नामुमकिन है।

आज के इस बेहद ज़रूरी लेख में समझिये पबजी जैसे खतरनाक गेम्स का व्यक्ति और समाज पर दुष्प्रभाव। अगर इससे बचना है तो इसके खतरनाक पहलु को जानिये और दूर ही रहिये।

हिंसक प्रवृति हावी होने लगती है

पबजी गेम में आपको पूरी एकाग्रता से अपने दुश्मनों को चुन चुन कर मारना होता है। हर लेवल के साथ गेम और भी हिंसक होने लगता हैं। गेम में स्वयं को बचाने के लिए आप जी तोड़ कोशिश करते हैं। जब आप लेवल क्रॉस नहीं करते तो आप बहुत क्रोधित हो जाते हैं। 

किसी भी प्रकार से आप गेम में डिस्टर्बेंस नहीं चाहते। फिर भी अगर कोई गलती से या जानबूझकर डिस्टर्ब करे तो आपका व्यवहार बिलकुल बदल जाता है। जो बताता है कि आप किस तरह से गेम के शिकंजे में फसतें जा रहे हैं। 

हाल ही में इस गेम से जुड़ी कई दिल दहला देने वाली घटनाएं सामने आई। जहाँ किसी ने ख़ुदकुशी की तो किसी ने मामूली बात पे जान ले ली। कही कही तो गेम के नशे में लोग समने से आ रही मौत को भी समझ नहीं पाए और मारे गए। इसलिए इस गेम को जानलेवा भी कहने लगे हैं लोग।

मानसिक स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव।

पबजी गेम को बहुत अधिक समय तक खेलने के कारण लोगो ने अपनी जान भी गवाई हैं। कुछ लोग इस गेम के प्रभाव में आकर मानसिक रूप से कमज़ोर हो गए। ये गेम आपके दिमाग पर बहुत ही बुरी तरह से असर डालता है। गेम का नशा आपको पागल भी बना सकता है।

समाज से अलग थलग हो जाना।

ऐसे गेम्स जो इतने रोमांचक और मज़ेदार होते हैं आपको समाज से दूर कर देते हैं। क्योंकि आपको जब इस गेम की एक बार लत लग जाती है तो आपका मन कहीं और नहीं लगता। आप दोस्त, रिश्तेदारों की बजाये ऑनलाइन प्लेयर्स से चैटिंग करते है। आप दोस्तों से बाहर मिलने की जगह किसी शांत जगह गेम खेलने चाहते हैं। इस तरह से ये आपको समाज से अलग कर तन्हा कर देता है।

शरीर के अंगों पर दुष्प्रभाव

पबजी गेम को खेलने पर आप बहुत अधिक थका हुआ महसूस करते है। क्योंकि लगातार कई घंटे बैठे रहने से शरीर में जकड़न हो जाती है। आप धीरे धीरे इनएक्टिव और लेज़ी हो जाते है। वही दूसरी तरफ कमर और पीठ दर्द की शिकायत भी शुरू हो जाती है। सबसे ज़्यादा नुकसान तो आँखों का होता है। लगातार कई घंटे स्क्रीन पर आँख गड़ाने से

आँखों पर दवाब पड़ता है। जिससे आपको आँखों से जुडी कई समस्या होने लगती है।

संबंधों में दरार 

अगर खबरों की माने तो पबजी जैसे गेम्स शादी शुदा ज़िन्दगी में ज़हर घोल रहे हैं। लोग इस गेम को पूरा करने के लिए किसी भी हद तक जा रहे हैं। पति पत्नी अगर इस गेम की लत में हैं तो फिर वहां रिश्ता नहीं टिक पा रहा। ब्रिटेन जैसे देश में ऐसे वीडियो गेम्स तलाक़ में इज़ाफ़ा करने के लिए ज़िम्मेदार है। 

नींद की कमी

जब लोग रात रात भर जाग कर गेम के टास्क को पूरा करते है तो नींद कैसे पूरी होगी भला? अगर गेम पूरी न हो तो भी नींद नहीं आती और अगर पूरी हो जाए तो अगले लेवल का इंतज़ार नहीं होता। कहने का मतलब है ये आपके आँखों से नींद भी गायब कर आपको बीमार बना देता है।

आपका करियर, पढ़ाई और ज़िन्दगी राम भरोसे

ये बेकार गेम आपसे आपका कीमती समय छीन लेता है। ये लत आपको औरों से पीछे कर देता है। क्योंकि आप ज़रूरी काम करने की जगह गेम खेलते रहते हैं। आपको पढ़ाई भी करने का टाइम नहीं मिलता। आप अपने परीक्षा में नंबर कम या फिर पास भी नहीं कर पाते। इस तरह से ये नशीला गेम आपके जीवन को अंधकार में डुबोता है।

आज ऐसे गेम्स को रोकना उन पर बैन लगाना समय की मांग है। महाराष्ट्र के एक 11 वर्षीय छात्र ने इसे बंद कराने के लिए याचिका भी दायर की थी। कई पेरेंट्स भी इसे बच्चों की भलाई के लिए बंद करवाना चाहते हैं। पर कुछ शर्त और निर्देश लगाकर ऐसे गेम्स को चलने दिया जाता है। अब समझदारी इसी में हैं कि सरकार के भरोसे न बैठकर गेम से खुद ही दूरी बना ली जाए। क्योंकि आप जानते हैं जान है तो जहान है। वैसे भी ये एक गेम है इसके बाहर जो असली दुनिया है वहाँ जीतना ज़्यादा ज़रूरी है। धन्यवाद।

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Shyam Shah

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